E20 नीति के विरोध में PM मोदी को 2 लाख से ज्यादा पत्र सौंपने जा रहे थे केजरीवाल, पुलिस ने फिरोजशाह कोटला रोड पर रोका ।
By : Admin User | Updated at : 04 Aug 2026, 04:21 pm (IST)
दिल्ली में E20 पेट्रोल नीति के विरोध में अरविंद केजरीवाल PM हाउस तक मार्च के लिए निकले, लेकिन पुलिस ने रास्ते में रोक दिया। इसके बाद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और संजय सिंह समेत AAP नेताओं ने सड़क पर धरना दिया। जानिए पूरा मामला और E20 को लेकर दोनों पक्षों की दलीलें।
नई दिल्ली: E20 पेट्रोल नीति के विरोध में आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मंगलवार को पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री आवास तक मार्च के लिए निकले। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने उनके काफिले को फिरोजशाह कोटला रोड पर ही रोक दिया। इसके बाद केजरीवाल अपने समर्थकों के साथ सड़क पर धरने पर बैठ गए और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
AAP नेताओं के साथ सड़क पर बैठे केजरीवाल
मार्च के दौरान अरविंद केजरीवाल के साथ मनीष सिसोदिया, संजय सिंह समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे। पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद सभी सड़क पर बैठ गए और E20 पेट्रोल नीति वापस लेने की मांग करने लगे।
'जनता पर जबरन थोपी जा रही E20 नीति'
मार्च शुरू होने से पहले अरविंद केजरीवाल ने कहा कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 2 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर और पत्र सौंपने जा रहे हैं। उनका आरोप है कि सरकार बिना लोगों की सहमति के E20 पेट्रोल नीति लागू कर रही है, जिससे आम उपभोक्ताओं को नुकसान उठाना पड़ सकता है।
केजरीवाल की तीन प्रमुख मांगें
E20 नीति को लेकर आम आदमी पार्टी ने केंद्र सरकार के सामने तीन मांगें रखी हैं—
पेट्रोल पंपों पर E20 और शुद्ध पेट्रोल, दोनों विकल्प उपलब्ध कराए जाएं।
E20 पेट्रोल की कीमत सामान्य पेट्रोल से कम रखी जाए।
देश में पेट्रोल की कीमत ₹84 प्रति लीटर से कम की जाए।
केजरीवाल का दावा है कि पेट्रोल में इथेनॉल की मात्रा बढ़ने से कई वाहनों की माइलेज प्रभावित हो रही है और इंजन पर भी असर पड़ सकता है।
सरकार ने क्या कहा?
केंद्र सरकार ने E20 नीति का बचाव करते हुए कहा है कि इथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल (EBP) कार्यक्रम पूरी तरह वैज्ञानिक अध्ययन और विशेषज्ञों की सलाह के आधार पर लागू किया गया है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी के मुताबिक, नीति आयोग, ऑटोमोबाइल कंपनियां, ऑयल मार्केटिंग कंपनियां (OMCs), ARAI, SIAM और कई तकनीकी संस्थानों की राय के बाद ही इस योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया गया है।
दिल्ली में E20 पेट्रोल को लेकर सियासी माहौल गर्म हो गया है। एक ओर आम आदमी पार्टी इसे आम जनता और वाहन मालिकों के हितों का मुद्दा बता रही है, वहीं केंद्र सरकार इसे स्वच्छ ईंधन, आयातित तेल पर निर्भरता कम करने और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अहम कदम मान रही है। अब इस विवाद पर सरकार और विपक्ष के बीच टकराव और तेज होने की संभावना है।
Published at : 04 Aug 2026, 04:21 pm (IST)